Amit Ranjan
15/08/2023
मुस्कुराहट है चेहरे पर, तो आजादी है,
मोहब्बत है आपस में, तो आजादी है;
दोस्ती है दिलों में, तो आजादी है,
सम्मान है एक दूसरे का, तो आजादी है;
धर्म के ऊपर इंसान है, तो आजादी है,
बराबर सबका मान है, तो आजादी है ।
आओ हम सब अपने दिलो दिमाग को नफरत, ईर्ष्या और प्रतिद्वंदिता से आजाद कर अपनी आजादी का जश्न मनाएं ♥️
हिंदुस्तान जिंदाबाद 🇮🇳
© अमित रंजन
07/08/2023
वेस्ट इंडीज से हारने और सीरीज में 2-0 से पीछे होने के बाद भारतीय टीम के फेंकू खिलाड़ी बात करते हुए:
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इशान किशन: धोनी भैया तो रिटायर कर गए हैं, पंतवा को चोट लगा है, केएल राहुल से होगा नहीं और भरत के बस की बात नहीं इसलिए वर्ल्डकप में हम ही विकेट कीपिंग करेंगे; ये पक्का है अब भले ही हम बैटिंग यहां कितनी भी खराब करें । और कोई ऑप्शन नहीं है सेलेक्टर्स के पास।
शुभमन गिल: वेस्ट इंडीज का कोई भी पिच बढ़िया से रोल ही नहीं किया गया है ; उबड़ खाबड़ है नहीं तो हर मैच में सेंचुरी बनाते हम ; इतना तो दम रखते हैं हम । आईपीएल में सबने हमको देखा ही है । इंडिया में खेलाओ तो बताएं क्या चीज हैं हम । मरती हैं लड़कियां मुझपर ।
सूर्यकुमार: जब वेस्ट इंडीज वर्ल्डकप में खेल ही नहीं रहा है तो मजा ही नहीं आता है बैटिंग में इसलिए हम जल्दी आउट हो जातें हैं ; वैसे भी कंकड़ बहुत है पिच पर जिससे दौड़ने में बन नहीं पा रहा है । अब फालतू का रन आउट से बचने के लिए आदमी अपना मुंह कान तो नहीं न फोड़वा लेगा ।
तिलक वर्मा: हम तो भाई पचासा बनाए हैं । मेरा तो वर्ल्डकप के लिए राजतिलक जरूर होगा । अगले तीनों मैच में चरस टाइप बैटिंग करेंगे, देखना ।
संजू सैमसन: इतना गर्मी है यहां पर कि ज्यादा देर तक क्रीज पर रहने में गर्मी लगने लग रहा है । इंडिया में खेलवा लो हमको फिर दिखाएंगे संजू का दम।
हार्दिक पांड्या: जब तक ग्राउंड में 10 हजार से ज्यादा दर्शक नहीं रहते हैं जिसमे लड़कियां ज्यादा रहें ,तो मेरा स्टाइल और रन मारने का बिल्कुल मन नहीं करता । हम हमेशा किसी भी मैच में बस भारत को वर्ल्ड कप जिताने की सोचते रहते हैं इसलिए ध्यान भटक जाता है ; नहीं तो दुनिया के बेस्ट ऑलराउंडर हैं हम । गुजरात टाइटंस के सब खिलाड़ी यही कहते हैं ।
अक्षर पटेल: हमसे अब क्रिकेट नहीं खेला जाता क्योंकि वेस्ट इंडीज में ढंग का गुजराती खाना नही मिलता है । भूखे पेट न हमसे बैटिंग होगी ढंग से और ना ही बॉलिंग ।
बिश्नोई: हमको तो ऐसे भी रोहित्वा वर्ल्ड कप के टीम में नहीं ही लेगा तो हम बस टाइम पास कर रहे हैं । टीम में जगह दो तो सीरियस होकर खेलें ।
अर्शदीप: खुद पर गुस्सा हमको आता है तो नो बॉल और वाइड बस फेंकते हैं। और हर मैच में हमको खुद पर बहुत गुस्सा आता है । बिना दारू पिए हम मैच नहीं खेलना चाहते और ये लोग हैं कि दारू का जुगाड ही नहीं करते । अब तो और फेंकेंगे हम वाइड और नो बॉल । ढंग से व्यवस्था करो अगर मेरे लिए तो वसीम अकरम के बाप हैं हम गेंदबाजी में ।
चहल: ई सब छोड़ो ; ससुरा, श्रेयस अय्यरवा को पहले निपटा ले फिर ढंग से मैच खेलेंगे ।
मुकेश: जब हारने लगती है टीम तो हमको बॉलिंग देकर बली का बकरा बना देता है हार्दिकवा नहीं तो दुनिया के वेस्ट बॉलर लोग हमको मानने लगा है, मतलब बेस्ट बॉलर ।
© अमित रंजन
अपने सभी दोस्तों के लिए........ ♥️
06/08/2023
हर कदम पर नए दोस्त मिलते गए,
हम मुस्कुराकर साथ चलते गए;
जिंदगी में फिर कई मोड़ आए,
जब रास्ते सबके अलग हो गए,
हम कहीं और चल दिए,
मेरे दोस्त कहीं और चले गए;
अब तो बात भी हजारों दिन में,
एक बार कभी हो पाती है,
पर सालों, याद तो तुम सबकी,
हमेशा, बहुत आती है, बहुत आती है ।
© अमित रंजन
(नोट: मोहब्बत जहां है वहां इंसान क्या जानवर भी दोस्त बन जाते हैं । जैसलमेर में ये प्यारा ऊंट कुछ ज्यादा ही दोस्त बन गया था और फोटो खींचते समय, प्यार से, मेरा कान काटने के लिए बेताब हो गया था 😁)
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